KATNI : शमशान से लेकर चारागाह की 450 एकड़ शासकीय भूमि पर अवैध कब्जा

Share this news

ग्रामीणों का आवागमन बंद शिकायत के बाद भी नहीं हो रही सुनवाई, बरही तहसील क्षेत्र के ग्राम बरेला का मामला, ग्रामीणों ने गांव के कोटवार और पटवारी पर लगाया पैसे लेकर अवैध कब्जा कराने का आरोप

कटनी दैमप्र। जिले के बरही तहसील अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत सलैया सिहोरा के बरेला में शासकीय मद में दर्ज चरनोई घास मद चारागाह शमशान की भूमि पर अवैध कब्जा कर लिया  गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि करीब 450 एकड़ शासकीय भूमि पर बाहरी लोगों ने अवैध रूप से कब्जा कर लिया है गांव के कोटवार व तत्कालीन पटवारी ने पैसे लेकर लोगों को शासकीय भूमि पर कब्जा करवा दिया है। अवैध कब्जा होने से ग्रामीणों का आवागमन बंद हो गया है लोग शमशान घाट तक नही पहुंच पा रहे है और मवेशियों को चारागाह तक नहीं ले जा पा रहे हैं जिससे किसान व आमजन परेशान है।जानकारी के अनुसार ग्राम बरेला निवासी ब्रजभान विश्वकर्मा,सोहन सिंह,रोशनी भूमिया,मंतू भूमिया,घनश्याम विश्वकर्मा,उमेश विश्वकर्मा,हेतराम विश्वकर्मा,चंद्रभान सिंह,सुखेंदर सिंह,शिवप्रसाद बर्मन अन्य लोगों ने बताया कि तत्कालीन पटवारी व गांव के कोटवार धनीराम दाहिया के द्वारा पैसे लेकर बाहरी लोगों को शासकीय भूमि पर बड़े पैमाने पर कब्जा कराया गया है जिसके कारण ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

जनसुनवाई व सीएम हेल्पलाइन में भी की शिकायत

 गांव के बृजभान विश्वकर्मा ने बताया कि गांव से लगी ढर्रा पहुंच को बंद कर दिया गया है जिससे गांव के मवेशी चारा चरने से वंचित है वहीं गांव के लोगों का आवागमन बंद है शासकीय भूमि पर अवैध कब्जा होने से लोग परेशान है। ग्रामीणों ने मामले की शिकायत कलेक्टर एसडीएम विजयराघवगढ व बरही तहसीलदार से लेकर बरही थाना खितौली चौकी में लगातार साल 2022 से करते आ रहे है लेकिन अभी तक कोई सुनवाई नही हुई। वहीं कलेक्टर की जनसुनवाई व सीएम हेल्पलाइन में भी शिकायत दर्ज कराई है जांच कर न्याय की गुहार लगाई है लेकिन वर्षों का समय बीतने के बाद भी कोई सुनवाई नही हुई। ग्रामीणों ने बताया कि शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी मिल रही है पटवारी के द्वारा जेल भेजने की धमकी दी जाती है। 

आदिवासियों की पट्टे की भूमि पर हो गया अवैध कब्जा

बरेला गांव में शासकीय भूमि पर बड़े पैमाने पर अवैध रूप से कब्जा कर खेती किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि गांव के कोटवार व पटवारी के मिली भगत में शासकीय भूमि पर कब्जा कराया गया है। गांव के रोशनी बाई भुमिया ने बताया कि ससुर टिल्ला भुमिया के नाम पर करीब 5 एकड़ भूमि शासन की ओर भूमि मिली थी जिस पर कुछ लोगों ने अवैध रूप से कब्जा कर लिया है विरोध करने पर धमकी मिल रही है शिकायत करने पर भी कोई सुनवाई नहीं हो रही है गांव के अशोक विश्वकर्मा घनश्याम विश्वकर्मा सोनइ सिंह,अमर पिता टिल्ला,मन्नू पिता टिल्ला अन्य लोगों ने बताया कि बाहरी लोगों ने पट्टे की भूमि पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया गया है ग्रामीणों ने शिकायत किया लेकर कोई सुनवाई नही हुई प्रशासन से जांच कर कार्रवाई की मांग किया है वहीं इस संबंध में नायब तहसीलदार मनोज नामदेव का कहना है कि पटवारी व कोटवार द्वारा पैसे लेकर शासकीय भूमि पर कब्जा कराने के आरोप लगे हैं इसकी जांच कर दोषियों पर कार्रवाई करेंगे।

कोटवार को हटाने कलेक्टर से शिकायत 

ग्रामीणों ने बताया कि गांव का कोटवार खुद को तहसीलदार बताता है कहता है यहां मेरे अलावा किसी और की नही चलेगी तुम लोग चाहे जहां शिकायत कर दो मेरा कुछ नही होगा वहीं ब्रजभान विश्वकर्मा ने बताया कि कोटवार गांव की 30 एकड से अधिक भूमि पर कब्जा किया है राजस्व विभाग से मिलीभगत कर भूमि अपने लडकों के नाम कर लिया है वहीं अधिकांश शासकीय भूमि पर पैसे लेकर लोगों को कब्जा करा दिया है ग्रामीणों ने मामले की शिकायत कलेक्टर से किया है और कोटवार को हटाने की मांग किया है।

About Post Author


Share this news
Advertisements