इंदौर में एनएसयूआई का हंगामा : महिला प्राचार्य के कक्ष का दरवाजा तोड़कर बिखेरी जंगली घास

इंदौर में एनएसयूआई का हंगामा : महिला प्राचार्य के कक्ष का दरवाजा तोड़कर बिखेरी जंगली घास
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इंदौर (मध्यप्रदेश), 12 अगस्त 2025 (भाषा)

इंदौर में एनएसयूआई का हंगामा मामला सामने आया हैं। सोमवार को एक शासकीय महाविद्यालय की महिला प्राचार्य के कमरे का दरवाजा तोड़कर इसके भीतर जंगली घास बिखेरने की घटना को लेकर नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (एनएसयूआई) के कार्यकर्ताओं पर मामला दर्ज किया गया।


घास कटवाने को लेकर हुआ इंदौर में एनएसयूआई का हंगामा

इंदौर में एनएसयूआई नेता पटवारी ने दावा किया कि वह लंबे वक्त से महाविद्यालय प्रबंधन से मांग कर रहे थे कि पूर्व प्रधानमंत्री अटलबिहारी वाजपेयी के प्रतिमा स्थल और महाविद्यालय परिसर के अन्य स्थानों पर उगी जंगली घास कटवा दी जाए और कचरा साफ करा दिया जाए, लेकिन महाविद्यालय प्रबंधन इस मांग पर ध्यान नहीं दे रहा था। उन्होंने कहा,‘‘हमने महाविद्यालय परिसर की जंगली घास खुद उखाड़ी। हम यह घास प्राचार्य को भेंट करने जा रहे थे, लेकिन उन्होंने अपने कक्ष में ताला लगवा दिया। आखिरकार हमें अपनी उचित मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन करना पड़ा।’’


दरवाजा तोड़कर घुसने का आरोप

महाविद्यालय परिसर में उगी जंगली घास कटवाने की पुरानी मांग कथित रूप से पूरी नहीं होने पर भड़के एनएसयूआई कार्यकर्ताओं के इस उग्र विरोध प्रदर्शन के वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आये। भंवरकुआं पुलिस थाने के प्रभारी राजकुमार यादव ने बताया कि अटल बिहारी वाजपेयी शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय के एक कर्मचारी की शिकायत पर एनएसयूआई के नेता अमन पटवारी और इस छात्र संगठन के अन्य कार्यकर्ताओं के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।

यादव ने बताया कि यह मामला सरकारी दफ्तर में जबरन घुसकर कर्मचारियों से अभद्रता, शासकीय कार्य में बाधा और तोड़-फोड़ के आरोपों में भारतीय न्याय संहिता के संबद्ध प्रावधानों के तहत दर्ज किया गया है।


महिला प्राचार्य ने बताई आपबीती

महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. ममता चंद्रशेखर ने घटनाक्रम को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘मेरे कक्ष का दरवाजा तोड़ने की जब घटना हुई उस समय मैं महाविद्यालय में नहीं थी। बाद में जब मैं अपने कक्ष में पहुंची, तो मुझे मेरी कुर्सी के साथ ही हर तरफ जंगली घास बिखरी मिली।’’ उन्होंने बताया, ‘‘कुछ प्राध्यापक जब उग्र प्रदर्शनकारियों को समझाने गए, तो प्रदर्शनकारियों ने उनसे बदतमीजी करते हुए लोहे की रॉड से मेरे कक्ष का दरवाजा तोड़ दिया और जबरन भीतर दाखिल हो गए। प्रदर्शनकारियों की इस गुंडागर्दी ने शिक्षा के मंदिर को कलंकित कर दिया है।’’

प्राचार्य के मुताबिक बारिश के मौसम में हर साल महाविद्यालय परिसर में जंगली घास उग जाती है, जिसे कटवाने का आदेश वह अपने मातहत कर्मचारियों को पहले ही दे चुकी हैं।

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